Exclusive : ऐतिहासिक कुआं बना कूड़ादान

0

सीतामढ़ी शहर के मिर्चाईपट्टी स्थित कुआँ अपनी आखिरी सांसें गिन रहा है.

सीतामढ़ी शहर के मिर्चाई पट्टी के वार्ड नंबर 9 में यह बड़ी कुआं के नाम से जाना जाता है. इसका अपना एक अलग ही इतिहास रहा है. मान्यताओं के अनुसार यह कुआं करीबन 500 साल पूर्व निर्मित कराया गया था. मान्यताओं के अनुसार इसका निर्माण राजा जनक द्वारा कराया गया था जो मां सीता के भक्तों का प्यास बुझाने हेतु काम में आता था. सीतामढ़ी के रामनवमी मेला एवं चैत्र मेला में लाखों यात्रियों का प्यासा कुएं से बुझता था.

वक्त बीतने के साथ कुआं सुकता चला गया. जानकारी के मुताबिक सन 1977 ईस्वी में हरिशंकर प्रसाद द्वारा इसका पुनरुद्धार कराया गया. इसके बाद कई वर्षों तक कुआं अपने अस्तित्व में रहा लेकिन फिर से लोगों की लापरवाही ने इसका वजूद समाप्त कर दिया. स्थानीय लोगों ने इसमें कूड़ा डालना शुरू कर दिया जिसके कारण आज यह कूड़ेदान का रूप ले चुका है.


अब स्थानीय लोग सीतामढ़ी के सांसद सुनील कुमार पिंटू से उम्मीद कर रहे हैं कि जिस कुएँ का पुनरुद्धार वर्षों पहले उनके पिता हरिशंकर प्रसाद द्वारा किया गया था, वह भी एक बार इसका उद्धार करेंगे.

© SITAMARHI LIVE | TEAM.




Comment Box