रीगा चीनी मिल के यूनियन अध्यक्ष समेत तीन को बनाया बंधक

0

आश्वासन के बावजूद मांग पूरा नहीं होने से नाराज मजदूरों ने बुधवार को रीगा चीनी मिल वर्कर्स यूनियन कार्यालय में ही यूनियन अध्यक्ष समेत तीन को बंधक बना जम कर नारेबाजी की.

इस दौरान मजदूरों ने प्रबंधन भी किया। मांग पूरा नहीं होने के चलते गुस्साए मजदूरों यूनियन के अध्यक्ष राम नंदन ठाकुर, महामंत्री मनोज कुमार व संयुक्त मंत्री नंदलाल ठाकुर को कार्यालय में बंधक बनाकर नारेबाजी की। देर शाम तक मजदूरों का प्रदर्शन जारी रहा। वहीं अध्यक्ष सहित यूनियन नेताओं पर मिल प्रबंधन के साथ मिलीभगत कर मजदूरों के साथ हकमारी का आरोप लगाया। सैकड़ों की संख्या में उपस्थित मजदूरों ने बताया कि यूनियन के अध्यक्ष और प्रबंधन के बीच मजदूरों की मांग को लेकर कई बार वार्ता हुई.



तत्कालीन डीएम डॉ. रणजीत कुमार सिंह व श्रम अधीक्षक मनीष कुमार आदि अधिकारियों की मौजूदगी में हुई वार्ता में मांगों पर सहमति बनी थी. श्रम अधिकारियों के सामने एग्रीमेंट भी किया गया था। लेकिन मिल प्रबंधन द्वारा उसे लागू नहीं किया गया। बताया कि प्रबंधन की मंशा चीनी मिल में अशांति का वातावरण पैदा कर मिल को किसी तरह बंद करा दिया जाना है। कहा कि अगर अभी मिल बंद हो जाता है तो हजारों किसानों का गन्ना उनके खेत में रह जाएगा। बताया कि करीब एक महीने से मिल हर दो-चार दिन पर मशीन की खराबी के चलते बंद कर दिया जा रहा है। जबकि पिछले दरवाजे से तैयार चीनी गायब कर रिकवरी कम दिखाया जा रहा है। मिल प्रबंधन मजदूरों आपस में लड़ाना चाहती है। ताकि उन्हे मिल बंद करने का बहाना मिले.


मजदूरों ने बताया कि उन्होंने मजदूर यूनियन के अध्यक्ष सहित पदाधिकारियों को मिल कर इसकी जानकारी दी, वहीं हक मांगा। मिल प्रबंधन खराब आर्थिक स्थिति का बहाना बनाकर मजदूरों के मांगों पर ध्यान नहीं दे रही है, जबकि दूसरे प्रदेशों से मजदूरों को बुलाकर अवैध तरीके से काम करा रही है। हालांकि मिल अध्यक्ष अमर शर्मा ने बताया कि मजदूर की मांग पर जो सहमति पत्र बना था, उसे अभी लागू नहीं किया जा सका है। इसके चलते मजदूर नाराज हैं। प्रबंधन ने ऐसी व्यवस्था की है कि हड़ताल होने के बावजूद भी मिल चलती रहेगी। बताया कि मजदूरों ने अपने ही अध्यक्ष को बंधक बनाया है, इसमें प्रबंधन कुछ नहीं कर सकती है.


Sources : Dainik Jagran | Team.




Comment Box