आज और कल नजर आएगा साल का आखिरी फुल मून, इसलिए कहा जा रहा कोल्ड मून

0
76

गुजरते साल का आखिरी फुल मूल 29 और 30 दिसंबर को दिखाई देगा। इस खगोलीय घटना पूरी दुनिया की नजर है। यह इस साल का 13वां फुल मून है। जिस महीने दो फुल मून होते हैं, तो एक को ब्लू मून कहा जाता है। प्राचीन काल में लोग प्रकृति के मौसमों में परिवर्तन की जानकारी हासिल करने के लिए पूर्णिमा यानी फुल मूल का उपयोग करते थे। उन्होंने प्रत्येक चंद्रमा को अलग नाम दिया। दिसंबर के Full Moon को कोल्ड मून कहा जाता है। इसे उत्तरी अमेरिका में “लॉन्ग नाइट्स मून” भी कहा जाता है और चूंकि यह क्रिसमस के दिन के बाद होता है, यूरोप में “मून आफ्टर यूल”। वुल्फ मून कोल्ड मून का दूसरा नाम है। इस वर्ष Full Moon का यह आयोजन बृहस्पति और शनि के महान संयोग के बाद हो रहा है।

भारत में कब दिखाई देगा Full Moon


खगोल शास्त्रियों के मुताबिक, Full Moon 30 दिसंबर 2020 को अंतरराष्‍ट्रीय समयानुसार रात में 3.39 बजे बजे अपने चरम पर होगा। भारत में यह नजारा 30 दिसंबर को सुबह करीब 9 बजे दिखाई देगा। यह कोल्‍ड मून एशिया, प्रशांत क्षेत्र, यूरोप और अफ्रीका में बुधवार को दिखेगा. वहीं दक्षिण अमेरिका, उत्‍तरी अमेरिका और कनाडा जैसे पश्चिमी गोलार्ध के देशों में यह 29 दिसंबर की रात दिखाई देगा

वर्ष 2020 की अंतिम पूर्णिमा: मार्गशीर्ष, शुक्ल पूर्णिमा

भारत में Full Moon के दिन को पूर्णिमा के नाम से जाना जाता है। मार्गशीर्ष के अनुसार, शुक्ल पूर्णिमा 29 दिसंबर को 07:54 बजे शुरू हुई है और 30 दिसंबर को 08:57 बजे समाप्त होगी।



Comment Box